पथरी का इलाज | Pathri Ka Ilaj In Hindi

- April 25, 2017
पथरी का इलाज इन हिंदी : पथरी जिसे की Stone भी कहा जाता है, एक दर्द देने वाली बीमारी है। पथरी हमारे शरीर में कहीं भी पैदा हो सकती है लेकिन आपने आम तौर पर दो ही जगह पर पथरी होने के बारे में सुना होगा। एक तो पित्त की थैली में पथरी और दूसरा गुर्दे में पथरी, लेकिन आज इस लेख से मैं आपको गुर्दे की पथरी का इलाज हिंदी में बताऊंगा। गुर्दे में पथरी हो जाने पर क्या करें, पथरी क्यों हो जाती है, इन सभी बातों पर विचार करेंगे।

पथरी क्यों हो जाती है:


जब हम कुछ खाते हैं तो किसी भोजन में मौजूद कड़क बीज या तंबाकू, सुपारी जैसी चीज़ें खाते हैं तो इसके छोटे छोटे कण हमारे गुर्दे में कहीं एक जगह जाकर इकट्ठे हो जाते हैं यही टुकड़े धीरे धीरे बड़े होकर एक बड़े पत्थर के रूप में सामने आ जाते हैं, जब इस पठार का नुकीला भाग गुर्दे की नरम दीवार से चुभता है तो हमारे गुर्दे में दर्द महसूस होने लगता है, कभी कभी यह दर्द इतना तेज़ होता है कि रोगी को बुखार , उलटी और जी मिचलाने जैसी समस्याएं आने लगती हैं।

पथरी होने का लक्षण:


हमारी कमर में पीठ की तरफ दोनों साइड में गुर्दे होते हैं। हम जो कुछ भी पीते हैं, गुर्दे इसे छानकर साफ़ पानी को पेशाब के रास्ते भेज देते हैं। लेकिन छानते समय जब गुर्दे में अधिक कण जमा हो जाते हैं तो पथरी बन जाती है, अगर यही पथरी छोटे छोटे भागों में हो जाये तो धीरे धीरे पिघल कर पेशाब के रास्ते बाहर निकली जा सकती है। पथरी होने पर रोगी को कैसा लगता है।

  • गुर्दों में अचानक चुभने वाला दर्द होता है
  • दर्द होने पर उल्टियां भी आती है
  • जी मिचलाना
  • खाने में रूचि न होना
  • पेशाब में खून आना
  • रुक रुक कर पेशाब आना
  • पेशाब करते हुए दर्द होना

पथरी का घरेलू इलाज इन हिंदी


पित्त की थैली में अगर पथरी हुई है तो इसे पिघलना कठिन है, ज्यादातर लोगों को इसका operation ही करना पड़ता है तब ही पित्त की थैली से पथरी निकल पाती है। लेकिन गुर्दे में होने वाली पथरी का इलाज घर पर ही किया जा सकता है, इसलिए आज मैं आपके लिये गुर्दे की पथरी का घरेलू इलाज हिंदी में लेकर आया हूँ। सभी घरेलू नुस्खे कारगर है, इनमे से दो नुस्खों का नियमिय प्रयोग करें। अगर आप पथरी का होम्योपैथिक इलाज चाहते हैं तो आप घर बैठे पथरी का होम्योपैथिक इलाज भी कर सकते हैं।

  • एक ग्राम जवाखार को ताजे छाछ में मिलकर रोजाना पीएं कुछ ही दिनों में पथरी पेशाब के रास्ते से बाहर निकल जाएगी और आपको पता भी नहीं चलेगा।
  • भेड़ का दूध पीना भी गुर्दे की पथरी का इलाज है, रोजाना भेड़ का दूध पीने से पथरी पेशाब से बहार निकल जाती है।
  • सहजन की सब्जी के बारे में आपने सुना होगा, कुछ दिनों तक सहजन की सब्जी खाने से भी पथरी पेशाब से बाहर निकल जाती है।
  • हरे पालक के पत्ते पथरी के इलाज के लिके लाभदायक हैं, अगर आप पथरी का घरेलू इलाज कर आ चाहते बाई। तो कच्चे पालक का रस निकाल कर कुछ दिनों तक पिए, इससे भी पेशाब के रास्ते से पथरी गलकर बाहर निकल जाती है।
  • प्याज़ के रस चीनी का घोल मिला लें और इसे रोजाना पीएं, ऐसा करने से गुर्दे में बनी हुई पथरी पिघल जाती है और धीरे धीरे पेशाब से ऐसे बाहर निकल जाती है कि पता भी नहीं चलता है।
 
  • छुईमुई का पौधा आपने सुना होगा , इसे कहीं कहीं लाजवंती भी कहा जाता है। लाजवंती के पौधे की जड़ को अछि तरह से साफ़ कर लें। अब इसके छोटे छोटे टुकड़े कर लें। 3 गिलास पानी में इन जड़ों को डालकर खूब पकाये, जब एक गिलास पानी रह जाये तो इसे ठंडा करके पिए, इससे गुर्दे की प्रहरी का इलाज किया जाता है, और पथरी पेशाब के रास्ते से बाहर निकल जाती है।
  • बहुत से लोग पथरी का इलाज चुकंदर से भी करते हैं जैसे की चुकंदर का रस निकाल लो अब इसे पानी मिलकर इसका सूप बना लो, फिर धीरे धीरे इसे पीयो, अगर आपके गुर्दे में पथरी है तो यह पिघल जायेगी और बाहर निकल जाएगी।
  • 20 ग्राम मूली का रस निकाल कर रोजाना पीएं और साथ में मूली के पत्ते भी चवाकर खाए, इससे भी गुर्दे की पथरी निकल जाती है।
  • रोजाना ताजा छाछ पीने से गुर्दे की पथरी का इलाज किया जाता है। छाछ में काला नमक भी मिला लें। दोपहर के खाने में एक गिलास छाछ को ज़रूर इस्तेमाल करें।
  • जौं के बारे में आप जानते होंगे, जौं को पानी में उबालकर पीने से पथरी बाहर निकल जाती है। जौं के सत्तू और जौ की रोटी भी साथ में खाना चाहिए।
  • गन्ने से बना हुआ सिरका पीकर भी पथरी का इलाज किया जाता है। अगर आपको गुर्दे की पथरी है तो रोजाना खाना खाने के बाद 2 से 3 चम्मच गन्ने का सिरका पीना चाहिए, इससे गुर्दे की पथरी तो बाहर निकल ही जायेगी साथ ही आपका हाजमा बहुत अच्छा हो जायेगा।
  • गन्ने के सिरके की तरह ही सेव का सिरका भी आता है, अगर आपको गन्ने का सिरका न मिल पाए तो सेव का सिरका 5 ml 15 ml पानी के साथ मिलाकर खाने खाने के बाद पिये। ऐसा करने से पथरी के छोटे छूटे टुकड़े होकर यह पेशाब से बाहर आ जायेगी।
  • एक मोटी मूली को खोखला कर लें अब इसमें गाजर के बीज, शलजम के बीज, मूली के बीज भर दें। अब इसे धीमी आंच पर रख दें। जब मूली जलने लगे तो इसमें से बीज निकल लें और सुबग शाम एक चम्मच बीज गुनगुने पानी के साथ लें। इससे पथरी पिघल कर बाहर निकल जाएगी।
  • नीम्बू, सोडा खाने वाला , काला नमक, भुना हुआ ज़ीरा, चीनी का पानी मिलाकर पीने से पथरी धीरे धीरे बाहर निकल जाती है। इसमें आपको एक नींबू और 2 चम्मच सोडा लेना है। ऐसा रोजाना करने से पथरी नहीं होती है।

पथरी होने पर क्या न खाएं:

जब किसी को गुर्दे की पथरी हो जाती है तो उसे सबसे पहले सुपारी, बीज वाली चीजें तो पहले ही नहीं खानी चाहिए फिर इसके बाद कुछ चीजें नहीं खानी चाहिए जैसे मिर्च, दूध, कैल्शियम टेबलेट, गुटखा, सुपारी, टमाटर (अगर आप टमाट खाना चाहते हैं तो इसकी पियुरी का इतेमाल कर सकते हैं ). इसके अलावा आप सब कुछ खा सकते हैं |

आज आपने जाना पथरी का घरेलू इलाज, अगर आपको हमारा यह article अच्छा लगा तो आप इसे अपने दोस्तों के साथ शेयर ज़रूर करें, शायद आपके शेयर करने से किसी को मदद मिले और इससे आपको अच्छा महसूस भी होगा|
Advertisement
 

Start typing and press Enter to search